मैं जो भी आज कर रही हूं वो मैं नहीं कर रही हूं-अमूल्या

अमूल्या विडियो में कह रही हैं मैं जो भी आज कर रही हूं वो मैं नहीं कर रही हूं। मैं सिर्फ इसका फेस बन गई हूं मीडिया की बदौलत। लेकिन मेरे पीछे बहुत सारे अडवाइजरी कमिटियां काम करती हैंऔर वो जो सलाह देते हैं मैं सिर्फ इसका चेहरा बनी हूं लेकिन बैंगलोर स्टूडेंट अलायंस बहुत कड़ी मेहनत कर रहा है। कि आज स्पीच में यह बात बोलनी है ये पॉइंट्स हैं। कॉन्टेंट टीम काम करती है बहुत सारे सीनियर ऐक्टिविस्ट काम करते हैं मेरे मां-बांप बोलते हैं कि ऐसे बोलना है ऐसे करना है इधर जाना है। एक बहुत बड़ा स्टूडेंट ग्रुप-बैंगलोर स्टूडेंट अलायंस-जो ये सारे प्रोटेस्ट के पीछे काम कर रहा है।लेकिन अब यह विडियो सामने आने के बाद उनके पिता भी कटघरे में हैं।


इसके अलावा उनके खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज कर 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।ओवैसी के मंच से भाषण देने वाली अमूल्या एक स्टूडेंट ऐक्टिविस्ट हैं और वह बेंगलुरु के कॉलेज से पत्रकारिता की पढ़ाई कर रही हैं। यहां स्नातक में दाखिला लिया है। इससे पहले उन्होंने सेंट नॉर्बर्ट सीबीएसई स्कूल क्राइस्ट स्कूल मनीपाल और सेंट जोसेफ स्कूल कोप्पा में भी पढ़ाई की है। सोशल मीडिया पर काफी ऐक्टिव अमूल्या मूल रूप से चिकमंगलूर की रहने वाली हैं। सीएए के खिलाफ बेंगलुरु में होने वाले छोटे-छोटे प्रदर्शनों के लिए सोशल मीडिया के सहारे समर्थन जुटाकर वह चर्चा में आईं।बताया गया कि लोगों को जागरूक करने और उनका समर्थन हासिल करने के लिए अमूल्या ने सोशल मीडिया के अलग-अलग प्लैटफॉर्म्स जैसे टिंडर हुकअप आदि की भी मदद ली थी। अमूल्या ने अपने ज्वलंत भाषणों की मदद से इलाके में सीएए के खिलाफ प्रदर्शन करने वालों में एक खास जगह बना ली थी। इस वजह से उन्हें बड़े नेताओं वाले मंचों पर भाषण देने के लिए माइक थमा दिया जाता था। बेंगलुरु में नागरिकता संशोधन ऐक्ट ;सीएए के खिलाफ आयोजित एक रैली में पाकिस्तान जिंदाबाद के नारे लगाने वाली अमूल्या लियोन खासी चर्चा में हैं। सोशल मीडिया पर जहां उन्हें पाकिस्तान जाने की सलाह दी जा रही है। वहीं गुरुवार रात उपद्रवियों ने उनके घर हमला कर दिया और खिड़कियों के शीशे आदि तोड़ डाले।